चंद्रयान-2 नासा के लेजर उपकरणों को चंद्रमा पर लेकर जाएगा

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चंद्रयान-2 नासा के लेजर उपकरणों को चंद्रमा पर लेकर जाएगा

वॉशिंगटन। भारत का चंद्रमा मिशन चंद्रयान-दो अगले महीने प्रक्षेपित ‎किया जाएगा। यह उपग्रह नासा के लेजर उपकरणों को अपने साथ चंद्रमा तक लेकर जाएगा। अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी के अधिकारियों के अनुसार इससे वैज्ञानिकों को चंद्रमा तक की दूरी का सटीक माप लेने में मदद मिलेगी। पिछले हफ्ते अमेरिका के टेक्सास में हुए चंद्र एवं ग्रह विज्ञान सम्मेलन के दौरान नासा ने इस बात की पुष्टि की थी तैयार चंद्रयान दो और इजराइली यान बेरेशीट, दोनों नासा के स्वामित्व वाले लेजर रेट्रोरिफलेक्टर अरै को साथ लेकर जाएंगे। नासा के विज्ञान मिशन निदेशालय में ग्रह विज्ञान विभाग की कार्यवाहक निदेशक लोरी ग्लेज ने कहा ‎कि, हम पूरी सतह को जितना संभव हो उतने अधिक लेजर रिफलेक्टर से भर देने की को‎शिश कर रहे हैं। रेट्रोरिफलेक्टर ऐसे परिष्कृत शीशे होते हैं जो धरती से भेजे गए लेजर रोशनी संकेतों को प्रतिबिंबित करते हैं। ये सिग्नल यान की उप‎स्थि‎‎ति का सटीक तरीके से पता लगाने में सहायता करते हैं जिसका उपयोग वैज्ञानिक धरती से चंद्रमा की दूरी का सटीक आकलन करने के लिए कर सकते हैं।

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NEWS IN ENGLISH

Chandrayaan-2 will transport NASA’s laser devices to the moon

Washington. India’s Moon Mission Chandrayaan-2 will be launched next month. This satellite will take NASA’s laser equipment to the moon with itself. According to officials of the American Space Agency, it will help scientists to accurately measure the distance to the Moon. During the moon and planetary science conference in the US last week, NASA had confirmed that the selected Chandrayaan two and the Israeli Yan Barrettet will carry both NASA-owned laser retroflactor Aray. Lori Glejage, the caretaker director of the Planetary Science Department in NASA’s Science Mission Directorate, said that we are aiming to fill the entire surface with as much laser refactors as possible. RetroFlancers are refined mirrors that reflect the laser light signals sent from Earth. These signals help in precisely detecting the sub-station of the vehicle, which scientists can use to accurately assess the distance of the Moon from Earth.

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