भैंसदेही : बंद के बाद भी केंद्रीय विद्यालय को लेकर नहीं जागे जनप्रतिनिधि,बढ़ रहा जनआक्रोश,फिर बन रही आंदोलन की रणनीति

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भैंसदेही : बंद के बाद भी केंद्रीय विद्यालय को लेकर नहीं जागे जनप्रतिनिधि,बढ़ रहा जनआक्रोश,फिर बन रही आंदोलन की रणनीति

मनीष राठौर
बैतूल/भैंसदेही। केंद्रीय विद्यालय की वैकल्पिक कक्षाएं प्रारंभ किए जाने को लेकर गत 23 फरवरी को हुए नगर बंद के बाद भी इस मामले को लेकर कोई सरगर्मी अभी तक नजर नहीं आई। नागरिकों द्वारा सौंपे गए ज्ञापन को लेकर प्रशासन ने तो अपने कर्तव्य की इतिश्री कर ली, लेकिन जनप्रतिनिधियों का मौन रहना नागरिकों के आक्रोश को तेज करता नजर आ रहा है। इन सभी स्थितियों के मद्देनजर सत्तारूढ एवं विपक्षी दल के नेताओं की भी कोई सरगर्मी नजर नहीं आ रही है। मुख्यालय पर केंद्रीय विद्यालय की कक्षाओं को वैकल्पिक रूप से प्रारंभ किए जाने को लेकर सत्ता पक्ष का मानना है कि कुछ तकनीकी खामियां इसमें बाधा उत्पन्ना कर रही है। जिसे दूर करने में समय लग सकता है और स्वयं विधायक का भी यही मत है, लेकिन क्षेत्र का आम आदमी जो केवल इस महत्वपूर्ण सुविधा का इंतजार कर रहा है वह इन बातों से कोई ऐतबार नहीं रखता। जिले के प्रशासनिक अधिकारियों द्वारा भी इस मामले को हल करने में जो भी प्रयास किए गए वह नाकाफी साबित हो रहे हैं। बरहाल जो भी हो यदि केंद्रीय विद्यालय शीघ्र ही यहां प्रारंभ नहीं होता है तो यहां मुख्य विपक्षी दल कांग्रेस को एक महत्वपूर्ण मुद्दा हासिल हो जाएगा। जो निकटस्थ चुनावों में सत्ता पक्ष के लिए निश्चित रूप से नुकसानदायक होगा और नागरिकों द्वारा तैयार किए गए इस सर्वदलीय संगठन के द्वारा भरी गई इस प्रारंभिक हुंकार से नगर सहित आसपास के क्षेत्र में यह स्पष्ट संदेश गया है कि बीते 4 वर्ष पूर्व स्वीकृत केंद्रीय विद्यालय क्षेत्र के जनप्रतिनिधि अभी तक शुरू नहीं करा पाए। फिलहाल नागरिकों द्वारा बनाए गए महकावती युवा समिति ने इस मामले को लेकर फिर से आंदोलन की रणनीति बनाना शुरू कर दिया है।

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NEWS IN ENGLISH

Bhainsdeyahi: Even after the bandh, there was no vacant public meeting of central schools, rising public grievances, then the strategy of the movement being formed.

Manish Rathore
Betul / Bhainsdehi Even after closure of the closure of the Central School on February 23, there was no enthusiasm about the issue yet. Regarding the memorandum handed down by the citizens, the administration has undertaken its duty, but the silence of the people’s representatives seems to be accelerating the resentment of the citizens. In view of all these situations, there is no enthusiasm for the leaders of the ruling and opposition parties too. Regarding starting alternate of the Central School Classes at Headquarters, the party believes that some technical shortcomings are interrupting it. It may take time to remove and the MLA himself is also the same opinion, but the common man of the area who is just waiting for this important feature does not keep any reactions from these things. Whatever efforts have been made to solve this matter by the administrative officials of the district, they are proving to be inadequate. Whatever the case, if the Central School does not start here soon, the main opposition Congress will get an important issue here. It will be definitely harmful for the ruling party in the nearest elections and this initial hoonar filled by the all-party organization created by the citizens has clearly sent a message in the surrounding area including the city that the approved Kendriya Vidyalaya region People’s representatives have not been able to start yet. At present, the Mahakavati Yuva Samiti formed by the citizens has started making the strategy of agitation again.

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