31 जनवरी को वर्ष 2018 का पहला ग्रहण होगा

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31 जनवरी को वर्ष 2018 का पहला ग्रहण होगा

नई दिल्ली। पूर्णिमा तिथि, पूर्णत्व की तिथि मानी जाती है। इस तिथि के स्वामी स्वयं चन्द्रदेव हैं। इस तिथि को चन्द्रमा सम्पूर्ण होता है, सूर्य और चन्द्रमा समसप्तक होते हैं। इस तिथि पर जल और वातावरण में विशेष उर्जा आ जाती है इसीलिए नदियों और सरोवरों में स्नान किया जाता है। माघ की पूर्णिमा इतनी ज्यादा महत्वपूर्ण है कि इस दिन नौ ग्रहों की कृपा आसानी से पायी जा सकती है। इस दिन स्नान,दान और ध्यान विशेष फलदायी होता है। इस बार माघ की पूर्णिमा 31 जनवरी को पड़ेगी. इस बार माघ की पूर्णिमा पर चंद्रग्रहण भी रहेगा।

इस बार चंद्रग्रहण की ख़ास बातें क्या हैं?
यह वर्ष 2018 का पहला ग्रहण होगा, यह खग्रास चन्द्रग्रहण होगा, इसकी शुरुआत 31 जनवरी को दोपहर 04.21 से होगी और समापन रात्रि 09.38 पर होगा, इसका मध्यकाल सायं 06.59 पर होगा, भारत में यह ग्रहण सायं 06.21 से 09.38 तक देखा जा सकेगा, ज्योतिष के अनुसार यह ग्रहण कर्क राशि और आश्लेषा नक्षत्र में होगा, यह ग्रहण भारत वर्ष में द्रश्य होगा, इसके अलावा एशिया, ऑस्ट्रेलिया, उत्तरी और पूर्वी अमेरिका, पेसिफिक, अटलांटिक और हिन्द महासागर में दिखाई देगा।

चंद्रग्रहण पर विशेष लाभ हो सकते हैं ?
चंद्रग्रहण का समय विशेष समय होता है, इसमें पृथ्वी चन्द्रमा और सूर्य की ऊर्जा संयुक्त हो जाती है, इस समय में जप ध्यान और साधना विशेष फलदायी होती है, इस समय चन्द्रमा की समस्याओं का सरलता से समाधान किया जा सकता है, इस समय में की गयी प्रार्थना निश्चित ही पूर्ण होती है, इस समय का अधिक से अधिक प्रयोग करना चाहिए।

चंद्रग्रहण पर किन किन सावधानियों का पालन करें?
इस काल में प्रयास करें कि आप कोई आहार ग्रहण न करें, इस समय में जिस भी ईश्वर के स्वरुप की उपासना करते हों उसकी उपासना करें, अन्यथा इस समय में भगवान के नाम का भजन कीर्तन करें, ग्रहण काल के समाप्त हो जाने के बाद सम्भव हो तो स्नान कर लें ,या हाथ पैर धोकर कुछ न कुछ दान का संकल्प करें, प्रातः काल किसी निर्धन या जरूरतमंद व्यक्ति को संकल्प किया हुआ दान करें ,ग्रहण के नियम बीमार , वृद्ध और बच्चों पर लागू नहीं होते।

NEWS IN ENGLISH

 The first eclipse will be held on January 31, 2018

new Delhi. The full moon date is considered as the date of completion. Owners of this date are Chanddev himself. On this date the moon is complete, the sun and the moon are the sumptuous. On this date, special energy comes in water and environment, therefore baths are done in rivers and lakes. The full moon of Magha is so important that the grace of nine planets can be easily found on this day. Bathing, donation and meditation specially on this day is fruitful. This time the full moon of Magha will fall on January 31. This time, there will be lunar eclipse on Magh’s full moon.

What are the special things of this time of lunar eclipse?
This will be the first eclipse of the year 2018, it will be a lunar eclipse, it will start on January 31 at 04.21 and the closing will be at night 09.38, its median will be on 06.59 pm, this eclipse will be seen from 06.21 to 09.38 in India, astrology According to this, this eclipse will occur in Cancer and Ashalesha constellation, this eclipse will be observed in India year, besides Asia, Australia, North and East America, Pacific, Atlantic and India. Will appear in Hasagr.

Can lunar eclipse have special benefits?
The time of lunar eclipse is a special time, in which the energy of the earth moon and the sun is combined, in this time chanting meditation and sadhana are very fruitful, at this time the problem of the moon can be solved with ease, at this time The prayer is definitely complete, this time we should use more and more.

What precautions should be followed on the lunar eclipse?
In this era, try that you do not consume any food, worship the god of worship in this time, otherwise, in this time, do recite the name of God in the name of God, after the eclipse era is possible If you are bathing, or washing your hands, make a donation to some donation; In the morning, make a donation to any poor or needy person, the rule of eclipse is sick, old, and children. Not Agu.

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